पाली,उमरिया (विक्की दाहिया)। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजनान्तर्गत उपहार सामग्रियां गुणवत्तापूर्ण रखे जाने की तमाम हिदायतों के बावजूद मैदानी अधिकारी योजना को पलीता लगाए जाने से बाज नहीं आ रहे हैं। ऐसा ही एक मामला जिले की पाली जनपद में सामने आया।
यहां बसंत पंचमी के अबूर्झ मुहूर्त के मौके पर जनपद पंचायत प्रशासन ने सामूहिक विवाह सम्मेलन आयोजित किया,लेकिन इस मौके पर दिए जाने वाले पलंग व अन्य सामग्रियों की खरीदी में कंजूसी दिखाई।
मंत्री ने लगाई कड़ी फटकार
उपहार सामग्री की गुण्वत्ता घटिया देख सम्मेलन की मुख्य अतिथि जनजाति कल्याण मंत्री श्रीमती मीना सिंह ने आयोजकों को कड़ी फटकार लगाई।
बताया जाता है कि सम्मेलन आयोजक अधिकारियों ने नवदंपत्तियों को उपहार में पलंग भेंट किए,लेकिन इसकी गुणवत्ता पर ध्यान नहीं दिया गया।
मंत्री मीना सिंह ने पलंग देख नाराज़गी जताई है,और सम्बंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा है कि सभी नए जोड़ों को गुणवत्तपूर्ण पलंग दें।
74 जोड़ों के हुए विवाह
बताया जाता है कि सम्मेलन में 74 जोड़े विवाह बंधन में बंधे। इस दौरान दूल्हे बारात निकालकर सम्मेलन स्थल पहुंचे। बारात कार्यक्रम में मंत्री मीना सिंह के अलावा नगर परिषद अध्यक्ष शकुंतला प्रधान,प्रकाश पालीवाल समेत गणमान्य नागरिक भी शामिल हुए।
कार्यक्रम में एसडीएम सिद्धार्थ पटेल,तहसीलदार अनुराग मरावी,राजीव गुप्ता,जनपद सीईओ कुंवर कन्हाई,सीएमओ पाली भूपेंद्र सिंह सहित बडी संख्या में नागरिक मौजूद रहे।
ये सामग्री दी जाती है उपहार में
योजना अंतर्गत नव दम्पत्तियों को 11 हजार के चेक सहित करीब 38 हजार की सामग्री दिए जाने का प्रावधान है।
सामग्रियों में गद्दे,तकिया,चादर,टेबल फैन,32 इंच टीवी,51 बर्तन,प्रेशर कुकर,चांदी का हार एवम पायल,बिछिया,बिंदी आदि शामिल हैं।
इसके इतर जनपद पंचायत ने पलंग देने का निर्णय लिया लेकिन इसमें भी गुणवत्ता का ध्यान नहीं रखा गया। इसे लेकर नवयुगलों एवं इनके परिजनों में भी आक्रोश देखा गया।