“हनुमान जयंती पर इस बार सर्वार्थ सिद्धि योग है। हनुमान जयंती का त्योहार धन संबंधी टोटके करने के लिए भी बहुत खास माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन किए जाने वाले उपाय निरर्थक नहीं जाते। कुछ ऐसे आसान उपाय ,जो आपको आर्थिक तंगी से छुटकारा दिला सकते हैं। “

उज्जैन / गुरुवार को चैत्र मास की पूर्णिमा है। यह दिन हनुमान जयंती के टूर पर भी मनाया जाता है। हनुमान जी को माता सीता ने अजर -अमर होने का आशीष दिया था। कहते है इस कलयुग में भी हनुमान जी हमारे बीच हैं।
जरूरत है उन्हें सच्चे मन से याद करने की। उनकी भक्ति की। मान्यता है कि हनुमान जी की मनपसंद वस्तुओं का भोग या सम्बंधित सामग्री सच्ची शृद्धा से उन्हें अर्पित की जाए तो धन की वृद्धि भी होती है और बाकी मनोरथ भी सिद्ध होते हैं।
यूँ भी , हनुमान जयंती का त्योहार धन संबंधी टोटके करने के लिए भी बहुत खास माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन किए जाने वाले उपाय निरर्थक नहीं जाते।
इस साल हनुमान जयंती 6 अप्रैल को है। इस दिन सर्वार्थ सिद्धि योग होने से यह और भी खास मानी जा रही है। मान्यता है कि हनुमान जयंती पर भगवान राम को प्रसन्न करने के लिए कुछ उपाय करें तो बजरंग बली की कृपा स्वाभाविक ही मिल जाती है। आइए जानते हैं इस दिन किए जाने वाले कुछ विशेष उपाय।
धन वृद्धि के लिए पीपल के पत्तों का उपाय
अगर आप आर्थिक तंगी से जूझ रहें हैं तो हनुमान जयंती के दिन पीपल के पत्तों का यह उपाय आपकी आर्थिक स्थिति को सुधार सकता है। करना यही है कि सुबह स्नान करने के बाद पीपल के साफ-सुथरे और चुनकर सुंदर 11 पत्ते लें। इन सभी पर चंदन से जय श्रीराम लिखें और फिर इनकी माला बनाकर बजरंगबली को अर्पित कर दें। ऐसा करने से आपके आर्थिक कष्ट दूर होंगे।
चढ़ाएं तुलसी माला तो होगी धन वृद्धि
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार एक बार माता सीता ने हनुमानजी को तुलसी का एक पत्ता खाने को दिया था और तब जाकर उनकी भूख शांत हुई थी। इसलिए बजरंगबली के भोग में तुलसी का होना जरूरी माना जाता है और उन्हें तुलसी की माला अर्पित की जाती है। हनुमान जयंती के दिन बजरंगबली को तुलसी की माला जरूर अर्पित करें और भोग में भी शामिल करें।
अगर आप काफी समय से अच्छी नौकरी खोज रहे हैं और आपको सफलता नहीं मिल रही है या फिर कारोबार में तरक्की नहीं हो रही है तो हनुमान जयंती यह उपाय जरूर करें।
बजरंगबली को काले चने और बूंदी सर्वाधिक प्रिय मानी जाती हैं। हनुमान जयंती से पहले रात में सवा किलो काले चने भिगो दें। हनुमान जयंती के दिन इन चनों को उबालकर सवा किलो बूंदी में मिला दें और हनुमानजी को इसका भोग लगाएं।


